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तेज रफ्तार ट्रैक्टर पुलिया के नीचे पलटा, बड़ादेव पूजा में जा रहे 4 श्रद्धालुओं की मौत

 तेज रफ्तार ट्रैक्टर पुलिया के नीचे पलटा, बड़ादेव पूजा में जा रहे 4 श्रद्धालुओं की मौत


41 घायल मेडिकल कॉलेज शहडोल रेफर, ओवरलोड और तेज रफ्तार बनी हादसे की वजह




 अनूपपुर जिले के पुष्पराजगढ़ क्षेत्र में शुक्रवार को एक दर्दनाक सड़क हादसे में आदिवासी समुदाय के चार लोगों की मौत हो गई, जबकि 41 लोग घायल हो गए। हादसा उस समय हुआ जब बड़ादेव पूजा में शामिल होने जा रहे ग्रामीणों से भरा एक ट्रैक्टर अनियंत्रित होकर पुलिया के नीचे जा गिरा। घटना के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई और पूरे क्षेत्र में शोक का माहौल व्याप्त हो गया।

जानकारी के अनुसार पुष्पराजगढ़ क्षेत्र अंतर्गत गिंजरी गांव से आदिवासी समुदाय के लोग बिजौरा बड़ादेव पूजा में शामिल होने ट्रैक्टर से रवाना हुए थे। ट्रैक्टर में करीब 50 लोग सवार थे। बताया जा रहा है कि वाहन तेज रफ्तार में था और मोड़ पर चालक नियंत्रण खो बैठा, जिससे ट्रैक्टर पुलिया के नीचे पलट गया।

हादसा इतना भीषण था कि दो लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि गंभीर रूप से घायल दो अन्य लोगों ने अस्पताल ले जाते समय दम तोड़ दिया। शेष घायलों को तत्काल बिरसिंहपुर पाली सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद 41 घायलों को मेडिकल कॉलेज शहडोल रेफर कर दिया गया। घायलों में 22 पुरुष, 14 महिलाएं और 5 बच्चे शामिल बताए जा रहे हैं। कई की हालत गंभीर बनी हुई है।

घटना की सूचना मिलते ही पाली की अनुविभागीय अधिकारी राजस्व श्रीमती मीनाक्षी बंजारे मौके पर पहुंचीं और राहत एवं बचाव कार्य की कमान संभाली। प्रशासन द्वारा घायलों को तत्काल अस्पताल पहुंचाने के लिए एम्बुलेंस और अन्य वाहनों की व्यवस्था की गई। अस्पताल में उपचार व्यवस्था बनाए रखने के लिए तीनों तहसीलदारों सहित राजस्व अमले को तैनात किया गया।

पुलिस विभाग के अधिकारी एवं जवान भी पूरी मुस्तैदी के साथ राहत कार्य में जुटे रहे। वहीं एसईसीएल एवं संजय गांधी ताप विद्युत परियोजना की चिकित्सकीय टीम भी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पाली पहुंची और घायलों का प्राथमिक उपचार किया। गंभीर घायलों को एसईसीएल की बसों एवं एम्बुलेंस के माध्यम से मेडिकल कॉलेज शहडोल भेजा गया।

प्रारंभिक जांच में हादसे की वजह ट्रैक्टर की तेज रफ्तार और ओवरलोडिंग मानी जा रही है। ग्रामीण क्षेत्रों में अक्सर ट्रैक्टर-ट्रॉली का उपयोग सामूहिक यात्रा के लिए किया जाता है, जबकि ऐसे वाहनों में सुरक्षित यात्री परिवहन की व्यवस्था नहीं होती। कई बार वाहन चालक अनुभवहीन होने के साथ यातायात नियमों की अनदेखी करते हुए तेज गति से वाहन चलाते हैं, जिससे इस प्रकार के गंभीर हादसे सामने आते हैं।

प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि धार्मिक आयोजनों एवं सामूहिक यात्राओं के दौरान सुरक्षा नियमों का पालन करें और क्षमता से अधिक सवारी वाले असुरक्षित वाहनों में यात्रा करने से बचें। पुलिस ने मामला दर्ज कर हादसे की जांच शुरू कर दी है।

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